प्लास्टर का उपयोग

प्लास्टर का उपयोग

प्लास्टर चिनाई की सतह पर प्रयोग की जाने वाली मोर्टार की पतली परत होता है और यह चिनाई के काम पर डैम्प-प्रूफ कोट के रूप में कार्य करता है| प्लास्टर चिनाई के ऊपर एक समतल सतह भी प्रदान करता है जो कि मज़बूत एवं मुलायम होती है जिसके कारण बिल्डिंग आकर्षक दिखता है|
प्लास्टर का मुख्य उद्देश्य सतह को वायुमंडलीय प्रभावों से बचाने के लिए, चिनाई में दोषपूर्ण कारीगरी को ढंकना, खुरदरी सामग्री को छिपाना और पेंटिंग के लिए उपयुक्त सतह प्रदान करना है|

प्लास्टर विभिन्न उप-चरणों से बना होता है, जैसे कि:

  • आतंरिक प्लास्टर (कमरों के अंदर)
  • बाहरी प्लास्टर (वो सभी दीवारें जो सीधे मौसम के संपर्क में आती हैं)
  • सीलिंग पर प्लास्टर

भारत में प्लास्टर का आवेदन किसी भी समय किया जा सकता है| हालांकि, यदि बारिश के मौसम में बाहर का प्लास्टर किया जाता है, तो क्योरिंग प्रक्रिया के लिए आवश्यक पानी बचाया जा सकता है|


प्लास्टर के आवेदन के लिए आवश्यक समय:

750 वर्ग फिट घर के लिए लगभग 7 दिन और 1000 वर्ग फिट घर के लिए लगभग 10 दिन|

  • सीमेंट और रेत का भंडारण
  • सीमेंट, रेत और पानी जैसी सामग्रियों को उचित अनुपात में मिश्रित करना|
न्युवोको के पास विभिन्न उत्पाद हैं, जिनका उपयोग प्लास्टरिंग के लिए किया जा सकता है| आप अपनी आवश्यकतानुसार किसी भी उत्पाद का चयन कर सकते हैं|

उदाहरण 1:
आप रेडी-मिक्स प्लास्टर को या तो गीले रूप में ((इंस्टामिक्स मोर्टार)) या सूखे रूप में ((इंस्टामिक्स प्लास्टोमार्ट) )यदि आप:
  • a) सामग्री के भंडारण के लिए जगह की कमी है|
  • b) समान रूप से वर्गीकृत सामग्री चाहते हैं|
  • c) मटेरियल के अंदर वॉटरप्रूफिंग कंपाउंड और फाइबर चाहते हैं|

उदाहरण 2:
आप अलग से माइक्रोफाइबर ((ड्यूरागार्ड माइक्रोफाइबर) ) और वॉटरप्रूफिंग कंपाउंड ((जीरो एम वॉटर शील्ड)) के साथ सीमेंट खरीद सकते हैं और उत्पाद के साथ दी गई जानकारी के अनुसार इन्हें मिला सकते हैं|

उदाहरण 3:
यदि आप फाइबर का उपयोग करने में रुचि नहीं रखते हैं तो आप सीधे इंटीग्रल वॉटरप्रूफिंग कम्पाउंड ((ड्यूरागार्ड वॉटरसील) ) के साथ सीमेंट का उपयोग कर सकते हैं|
प्लास्टर चिनाई की सतह पर प्रयोग की जाने वाली मोर्टार की पतली परत होता है और यह चिनाई के काम पर डैम्प-प्रूफ कोट के रूप में कार्य करता है| प्लास्टर चिनाई के ऊपर एक समतल सतह भी प्रदान करता है जो कि मज़बूत एवं मुलायम होती है जिसके कारण बिल्डिंग आकर्षक दिखता है|
प्लास्टर का मुख्य उद्देश्य सतह को वायुमंडलीय प्रभावों से बचाने के लिए, चिनाई में दोषपूर्ण कारीगरी को ढंकना, खुरदरी सामग्री को छिपाना और पेंटिंग के लिए उपयुक्त सतह प्रदान करना है|

प्लास्टर विभिन्न उप-चरणों से बना होता है, जैसे कि:

  • आतंरिक प्लास्टर (कमरों के अंदर)
  • बाहरी प्लास्टर (वो सभी दीवारें जो सीधे मौसम के संपर्क में आती हैं)
  • सीलिंग पर प्लास्टर

भारत में प्लास्टर का आवेदन किसी भी समय किया जा सकता है| हालांकि, यदि बारिश के मौसम में बाहर का प्लास्टर किया जाता है, तो क्योरिंग प्रक्रिया के लिए आवश्यक पानी बचाया जा सकता है|


प्लास्टर के आवेदन के लिए आवश्यक समय:

750 वर्ग फिट घर के लिए लगभग 7 दिन और 1000 वर्ग फिट घर के लिए लगभग 10 दिन|

  • सीमेंट और रेत का भंडारण
  • सीमेंट, रेत और पानी जैसी सामग्रियों को उचित अनुपात में मिश्रित करना|
न्युवोको के पास विभिन्न उत्पाद हैं, जिनका उपयोग प्लास्टरिंग के लिए किया जा सकता है| आप अपनी आवश्यकतानुसार किसी भी उत्पाद का चयन कर सकते हैं|

उदाहरण 1:
आप रेडी-मिक्स प्लास्टर को या तो गीले रूप में ((इंस्टामिक्स मोर्टार)) या सूखे रूप में ((इंस्टामिक्स प्लास्टोमार्ट) )यदि आप:
  • a) सामग्री के भंडारण के लिए जगह की कमी है|
  • b) समान रूप से वर्गीकृत सामग्री चाहते हैं|
  • c) मटेरियल के अंदर वॉटरप्रूफिंग कंपाउंड और फाइबर चाहते हैं|

उदाहरण 2:
आप अलग से माइक्रोफाइबर ((ड्यूरागार्ड माइक्रोफाइबर) ) और वॉटरप्रूफिंग कंपाउंड ((जीरो एम वॉटर शील्ड)) के साथ सीमेंट खरीद सकते हैं और उत्पाद के साथ दी गई जानकारी के अनुसार इन्हें मिला सकते हैं|

उदाहरण 3:
यदि आप फाइबर का उपयोग करने में रुचि नहीं रखते हैं तो आप सीधे इंटीग्रल वॉटरप्रूफिंग कम्पाउंड ((ड्यूरागार्ड वॉटरसील) ) के साथ सीमेंट का उपयोग कर सकते हैं|